Assam Cabinet Minister Reshuffle 2026 में मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने अपने मंत्रिमंडल को नए सिरे से सजाया है — दो नए चेहरे, कई बड़े विभागों की अदला-बदली, और खुद के पास रखे कुछ सबसे अहम मंत्रालय। वजह साफ़ है: असम अब सेमीकंडक्टर, बड़े उद्योग और तेज़ विकास की राह पर है — और इसके लिए चाहिए सही इंसान, सही जगह।
यह सिर्फ कुर्सियों की अदला-बदली नहीं — यह हिमंता सरकार की अगली पारी की रणनीति है।
Cabinet Minister Reshuffle क्या होता है?
किसी भी सरकार में मंत्रिमंडल फेरबदल (Cabinet Minister Reshuffle) तब होता है जब मुख्यमंत्री को लगता है कि राज्य की बदलती ज़रूरतों के हिसाब से विभागों की ज़िम्मेदारियाँ नए सिरे से तय करना ज़रूरी है। कभी किसी विभाग में काम की रफ़्तार धीमी पड़ जाती है, कभी नई परियोजनाओं के लिए नई ऊर्जा की दरकार होती है, और कभी राजनीतिक संतुलन बनाए रखना भी ज़रूरी हो जाता है।
हिमंता सरकार के इस ताज़े बदलाव में भी यही सब दिखता है — एक सोची-समझी रणनीति।
सबसे अहम विभाग मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा के पास

हिमंता बिस्वा सरमा ने इस बार कुछ बेहद महत्वपूर्ण विभाग सीधे अपने पास रखे हैं — गृह, राजनीतिक, लोक निर्माण (सड़क और भवन), ऊर्जा (शक्ति), और सूचना एवं जनसंपर्क। इसके अलावा जो विभाग किसी अन्य मंत्री को नहीं दिए गए, वे भी मुख्यमंत्री के ही अधीन रहेंगे।
सबसे दिलचस्प बात है ऊर्जा विभाग को खुद के पास रखना। इसके पीछे एक स्पष्ट सोच है — असम में तेज़ी से बढ़ता औद्योगीकरण और सेमीकंडक्टर जैसी बड़ी परियोजनाओं के लिए निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना। जब राज्य में इतने बड़े निवेश आ रहे हों, तो बिजली जैसी बुनियादी जरूरत पर सीधी नज़र रखना ज़रूरी है — और यह काम मुख्यमंत्री खुद करना चाहते हैं।
दो नए चेहरे — सुशांत बोरगोहेन और नीलिमा देवी

इस फेरबदल की सबसे बड़ी खबर है दो नए मंत्रियों का शामिल होना।
सुशांत बोरगोहेन को जल संसाधन और कानून एवं न्याय विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। जल संसाधन पहले पीयूष हजारिका के पास था, लेकिन अब नए हाथों में यह विभाग जाने से उम्मीद है कि बाढ़ नियंत्रण और जल प्रबंधन जैसे मुद्दों पर नई ऊर्जा आएगी।
नीलिमा देवी मंत्रिमंडल में महिला प्रतिनिधित्व को मज़बूत करती हैं। उन्हें पशुपालन, पशु चिकित्सा और मत्स्य पालन विभाग सौंपा गया है — ये वे विभाग हैं जो सीधे ग्रामीण अर्थव्यवस्था और किसान परिवारों की आजीविका से जुड़े हैं।
बड़े बदलाव — वित्त और कृषि में नई पारी
वित्त विभाग — जयंत मल्ल बरुआ के हाथ

वित्त विभाग जैसे संवेदनशील और महत्वपूर्ण मंत्रालय की कमान अब जयंत मल्ल बरुआ को सौंपी गई है, जो पहले अजंता नियोग के पास था। इस बदलाव को काफी अहम माना जा रहा है, खासकर जब राज्य में बड़े बुनियादी ढांचे के काम चल रहे हों। जयंत मल्ल बरुआ के पास वन, पर्यावरण, खान और खनिज विभाग भी रहेंगे।
कृषि और सिंचाई — पीयूष हजारिका

पीयूष हजारिका को कृषि और सिंचाई दोनों विभाग एक साथ दिए गए हैं, जबकि पहले ये अलग-अलग मंत्रियों के पास थे। इसके पीछे सरकार की सोच यह है कि कृषि और सिंचाई आपस में इतने जुड़े हुए हैं कि इन्हें एक ही नेतृत्व में रखने से काम तेज़ और प्रभावी होगा। उनके पास संसदीय कार्य विभाग भी रहेगा।
assam cabinet portfolio 2026— पूरी सूची
| मंत्री | विभाग |
| अशोक सिंघल | स्वास्थ्य, शिक्षा और अनुसंधान |
| अश्विनी राय सरकार | सामाजिक न्याय और सशक्तिकरण, मृदा संरक्षण, अल्पसंख्यक विकास |
| बिमल बोरा | सांस्कृतिक मामले, उद्योग, वाणिज्य, एक्ट ईस्ट पॉलिसी |
| विश्वजीत दैमारी | हथकरघा और वस्त्र, खेल और युवा कल्याण, कौशल विकास, स्वदेशी और जनजातीय संस्कृति |
| केशव महंत | राजस्व और आपदा प्रबंधन, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, जलवायु परिवर्तन, सामान्य प्रशासन |
| कृष्णेंदु पाल | लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE), पहाड़ी क्षेत्र विकास, बराक घाटी विकास |
| कौशिक राय | खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, आवास एवं शहरी नियोजन |
Assam Cabinet Minister Reshuffle की संदेश
इस पुनर्गठन को ध्यान से देखें तो कुछ बातें साफ़ उभरती हैं:
- पहला — विकास की रफ़्तार तेज़ करना। कृषि-सिंचाई को एक साथ लाना, ऊर्जा विभाग को मुख्यमंत्री के पास रखना — ये सब संकेत हैं कि सरकार जमीनी काम में कोई ढिलाई नहीं चाहती।
- दूसरा — नए चेहरों को मौका। दो नए मंत्रियों को जिम्मेदारी देकर सरकार यह भी बता रही है कि टीम में ताज़ा ऊर्जा की ज़रूरत है।
- तीसरा — वित्त पर कड़ी नज़र। वित्त विभाग में बदलाव सरकार की आर्थिक प्राथमिकताओं का साफ़ इशारा है — बड़ी परियोजनाओं के लिए संसाधनों का सही प्रबंधन।
- चौथा — उद्योग और पूर्वोत्तर का विकास। ‘एक्ट ईस्ट पॉलिसी’ और उद्योग-वाणिज्य जैसे विभागों को एक साथ रखना दिखाता है कि असम अपने भौगोलिक फायदे का पूरा उपयोग करना चाहता है।
विकास की उम्मीद
हिमंता बिस्वा सरमा का यह Assam Cabinet Minister Reshuffle 2026 महज कुर्सियों की अदला-बदली नहीं है। यह एक संदेश है — असम तेज़ी से आगे बढ़ना चाहता है और इसके लिए सही लोगों को सही जिम्मेदारी देना जरूरी है।अब देखना यह होगा कि नई ज़िम्मेदारियाँ पाने वाले मंत्री जनता की उम्मीदों पर खरे उतरते हैं या नहीं। असम की जनता की नज़रें अब इन नए-पुराने मंत्रियों के काम पर टिकी हैं।
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